Site icon World's first weekly chronicle of development news

एआई शिक्षा के लिए 500 करोड़, मेडिकल कॉलेजों और आईआईटी में बढ़ेंगी सीटें

500 crore for AI education, seats will increase in medical colleges and IITs
ब्लिट्ज ब्यूरो

नई दिल्ली। वित्त मंत्री ने कहा है कि इस बार का बजट गरीबों, युवाओं, किसानों और महिलाओं पर केंद्रित है। सरकार का ध्यान रोजगार पर है। सरकार नवाचार पर ध्यान दे रही है और कृषि के क्षेत्र में भी रोजगार बढ़ाने की दिशा में काम कर रही है। एआई आधार एवं विकास के लिए 500 करोड़ का आवंटन किया गया है।

वित्त मंत्री ने बताया कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता की शिक्षा के लिए उत्कृष्ट संस्थान की संस्थापना की जाएगी। मेडिकल कॉलेजों में 10 हजार अतिरिक्त सीटें बढ़ाई जाएंगी। सभी जिला अस्पतालों में डे केयर कैंसर सेंटर बनाए जाएंगे। 2025-26 में ऐसे 200 सेंटर बनाए जाएंगे।

ऑनलाइन प्लेटफॉर्म वर्कर्स
सरकार उनके परिचय पत्र बनाने में मदद करेगी और उन्हें ई-श्रम कार्ड मुहैया कराएगी। इससे 1 करोड़ गिग वर्कर्स को फायदा मिलेगा।

भारतीय भाषा पुस्तक स्कीम
स्कूलों और उच्च शिक्षण संस्थानों के लिए डिजिटल किताबें उपलब्ध कराई जाएंगी। शिक्षा क्षेत्र के लिए निर्मला सीतारमण ने आईआईटी के विस्तार की योजना की घोषणा की है। इस संबंध में 5 आईआईटी के लिए अतिरिक्त बुनियादी ढांचा और 6,500 नई सीटें जोड़ी जाएंगी। वित्त मंत्री ने कहा कि आईआईटी पटना छात्रावास और बुनियादी ढांचा क्षमता बढ़ाएगा।

बिहार में खुलेगा नया संस्थान
बिहार में राष्ट्रीय फूड टेक्नोलॉजी संस्थान शुरू किया जाएगा। इससे पूरे पूर्वी क्षेत्र में खाद्य प्रसंस्करण क्षमताएं मजबूत करने में मदद मिलेगी।

अटल टिंकरिंग लैब
सरकारी स्कूलों में नवाचार को बढ़ाने के लिए ऐसे 50 हजार लैब स्थापित किए जाएंगे। भारतीय भाषा पुस्तक योजना शुरू की जाएगी ताकि भारतीय भाषाओं में शिक्षण को बढ़ावा दिया जा सके। वित्त मंत्री ने बताया कि स्किलिंग के लिए पांच राष्ट्रीय उत्कृष्ट संस्थानों का स्थापना की जाएगी। यह मेक फॉर इंडिया, मेक फॉर द वर्ल्ड के उद्देश्य के तहत किया जाएगा।

आईआईटी, आईआईएससी के लिए 10,000 पीएम रिसर्च छात्रवृत्ति
निर्मला सीतारमण ने बताया कि केंद्र सरकार बढ़ी हुई वित्तीय सहायता के साथ आईआईटी और आईआईएससी बैंगलोर के छात्रों के लिए 10,000 पीएम रिसर्च फेलोशिप प्रदान करेगी। वैश्विक विशेषज्ञता के साथ कौशल विकास के लिए पांच राष्ट्रीय उत्कृष्टता केंद्र स्थापित किए जाएंगे।

Exit mobile version