ब्लिट्ज ब्यूरो
नई दिल्ली। हायर एजुकेशन के छात्रों के लिए खुशखबरी है। भारत में ब्रिटेन, ऑस्ट्रेलिया, अमेरिका समेत कई देशों की यूनिवर्सिटी के कैंपस शुरू होंगे। आने वाले समय में इस लिस्ट में फिनलैंड का नाम भी जुड़ सकता है। यूरोप का देश फिनलैंड अपने एजुकेशन सिस्टम की खूबियों के लिए जाना जाता है। फिनलैंड और भारत की यूनिवर्सिटीज के बीच एक्सचेंज प्रोग्राम भी शुरू होंगे। यूनिवर्सिटी एक्सचेंज प्रोग्राम छात्रों को एक या दो सेमेस्टर के लिए किसी दूसरे देश की पार्टनर यूनिवर्सिटी में पढ़ाई करने की अनुमति देता है। इससे छात्रों को नया कल्चरल और एकेडमिक एक्सपीरियंस मिलेगा।
फिनलैंड के साथ एजुकेशन में सहयोग को बढ़ावा देने के मकसद के साथ शिक्षा मंत्रालय और फिनलैंड के अधिकारियों के बीच एक बैठक हुई है, जिसमें दोनों देशों के बीच शिक्षा के क्षेत्र में सहयोग को लेकर सहमति बनी है। दोनों देशों के बीच हुई बैठक में शिक्षा मंत्रालय के उच्च शिक्षा विभाग के सचिव डॉ. विनीत जोशी, फिनलैंड की एजुकेशन एंबेसडर आउटी हकानेन, साइंस और हायर एजुकेशन की काउंसलर डॉ. लीसा टोइवोनेन और फिनलैंड की नेशनल काउंसिल ऑफ एजुकेशन की मार्जो मेनपा व वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
इस मीटिंग में भारत की नेशनल एजुकेशन पाॅलिसी-2020 के हिसाब से स्कूल और हायर एजुकेशन, स्किल डेवलपमेंट में सहयोग की संभावनाओं पर बात की गई। फिनलैंड के एजुकेशन एक्सपर्ट्स ने भारत में अपने कैंपस शुरू करने को लेकर सकारात्मक रूख दिखाया है। यह भी कहा है कि दोनों देशों के उच्च शिक्षा संस्थानों के छात्र रिसर्च की फील्ड में मिलकर काम करेंगे। एक-दूसरे देश की यूनिवर्सिटीज में जा सकेंगे।
स्पार्क के तहत रिसर्च पार्टनरशिप
इस चर्चा में स्पार्क (स्कीम फॉर प्रमोशन ऑफ अकैडमिक एंड रिसर्च कोलैबोरेशन) स्कीम के तहत रिसर्च पार्टनरशिप को बढ़ाने और स्टूडेंट और फैकल्टी की मोबिलिटी के मौके बढ़ाने पर भी फोकस किया गया। भविष्य में सहयोग के लिए कई आइडिया शेयर किए गए। फिनलैंड की एजुकेशन एंबेसडर भारत के साथ शैक्षणिक सहयोग बढ़ाने की दिशा में काम कर रही है। उन्होंने भारत की आईआईटी, यूनिवर्सिटीज व रिसर्च संस्थानों को विश्व स्तर का बताया है और अब दोनों देश मिलकर काम करेंगे। रिसर्च को लेकर भारत ने भी कई नई पहल शुरू की है।
कई देशों को भारत में कैंपस
खोलने की मिली अनुमति
यूजीसी रेगुलेशंस के मुताबिक, कई देशों की यूनिवर्सिटीज को भारत में कैंपस शुरू करने की अनुमति मिल गई है। 2026 से भारतीय छात्रों को कुल 16 विदेशी यूनिवर्सिटीज के भारतीय कैंपस में ग्रेजुएशन और पोस्ट ग्रेजुएशन कोर्सेज को करने का मौका मिलेगा। फिनलैंड भी साइंस, टेक्नोलोजी, इंजीनियरिंग एंड मैथ्स और बिजनेस से जुड़े कोर्सेज को शुरू कोर्सेज को प्राथमिकता देने की बात कह रहा है। गुजरात में गांधीनगर की गिफ्ट सिटी में ऑस्ट्रेलिया की दो यूनिवर्सिटी के भारतीय कैंपस की औपचारिक शुरुआत हो गई है।
तीन विदेशी यूनिवर्सिटी के कैंपस में पढ़ाई शुरू
डीकिन यूनिवर्सिटी और आस्ट्रेलिया की यूनिवर्सिटी ऑफ वोलोंगोंग का कैंपस भी शुरू हो गया है। इस सत्र में साउथेम्प्टन यूनिवर्सिटी के गुरुग्राम में भी पढ़ाई शुरू हो गई है।































