• About us
  • Team
  • Privacy Policy
  • Contact
Saturday, May 2, 2026
  • Login
No Result
View All Result
World's first weekly chronicle of development news
  • Blitz Highlights
    • Special
    • Spotlight
    • Insight
    • Entertainment
    • Sports
  • Opinion
  • Legal
  • Perspective
  • Nation
    • East
    • West
    • North
    • South
  • Business & Economy
  • World
  • Hindi Edition
  • International Editions
    • Dubai
    • Tanzania
    • United Kingdom
    • USA
  • Blitz India Business
  • Blitz Highlights
    • Special
    • Spotlight
    • Insight
    • Entertainment
    • Sports
  • Opinion
  • Legal
  • Perspective
  • Nation
    • East
    • West
    • North
    • South
  • Business & Economy
  • World
  • Hindi Edition
  • International Editions
    • Dubai
    • Tanzania
    • United Kingdom
    • USA
  • Blitz India Business
No Result
View All Result
World's first weekly chronicle of development news
No Result
View All Result

हाथ-पैर कांपते हैं, धीरे चलते हैं तो रहें सतर्क

by Blitz India Media
April 18, 2025
in Hindi Edition
0
hand
Share on FacebookShare on Twitter
ब्लिट्ज ब्यूरो

नई दिल्ली। साइंस जर्नल फ्रंटियर्स के मुताबिक, पूरी दुनिया में सवा करोड़ लोगों को पार्किंसन्स रोग है। अनुमान है कि 2050 तक पेशेंट्स की संख्या दोगुनी से भी ज्यादा बढ़कर 252 लाख के करीब हो सकती है।
पार्किंसन्स उम्र संबंधी ब्रेन डिजीज है, जिसमें ब्रेन के कुछ हिस्से बहुत कमजोर या डैमेज हो जाते हैं। इसके कारण आमतौर पर लोग बहुत धीरे चलने-फिरने लगते हैं। उनके हाथ, पैर और सिर कांपने लगते हैं। इसके अलावा बैलेंसिंग की भी समस्या हो सकती है।
पार्किंसन्स क्या है?
पार्किंसन्स ऐसी कंडीशन है, जिसमें ब्रेन का कुछ हिस्सा धीरे-धीरे डैमेज हो जाता है। इसके लक्षण समय के साथ धीरे-धीरे गंभीर हो जाते हैं। इसके कारण मेंटल हेल्थ प्रभावित होती है। सोचने की क्षमता पर असर पड़ता है, याददाश्त भी कमजोर होने लगती है। समय पर इलाज मिलने से लक्षणों को गंभीर होने से रोका जा सकता है।
रोग के लक्षण
पार्किंसन्स के लक्षण मुख्य रूप से मांसपेशियों के नियंत्रण से जुड़े होते हैं, लेकिन इसके अलावा कई अन्य शारीरिक और मानसिक प्रभाव भी हो सकते हैं। इस बीमारी के लक्षणों को मोटर (मूवमेंट से संबंधित) और नॉन-मोटर (जो मूवमेंट से नहीं जुड़े)- दो ग्रुप में बांटा जा सकता है।
क्यों होता है?
पार्किंसन्स डिजीज मुख्य रूप से ब्रेन में एक खास केमिकल डोपामिन की कमी के कारण होता है। यह केमिकल ब्रेन में स्ट्रायटम नामक हिस्से में होता है, जो मसल्स पर कंट्रोल और उसकी गति को नियंत्रित करता है। जब ब्रेन के इस हिस्से की सेल्स डैमेज होने लगती हैं या कमजोर होने लगती हैं तो पार्किंसन्स के लक्षण उभरते हैं।
पार्किंसन्स के मुख्य कारण
जेनेटिक: पार्किंसन्स डिजीज कुछ मामलों में जेनेटिक हो सकती है। इसका मतलब है कि अगर किसी के परिवार में किसी को पार्किंसन्स है तो उस व्यक्ति को इसका खतरा दूसरों की अपेक्षा ज्यादा होता है। हालांकि, यह केवल 10% मामलों में ही अनुवांशिक होता है।
आईडियोपैथिक (अज्ञात कारण): ज्यादातर पार्किंसन्स मामलों का कारण पता नहीं चलता है। ऐसे सभी मामलों को आईडियोपैथिक पार्किंसन्स कहा जाता है, जिसका मतलब है कि इस बीमारी का कारण स्पष्ट नहीं है।
एनवायरनमेंटल कारण : कुछ मामलों में पेस्टिसाइड्स जैसे केमिकल्स के कारण भी पार्किंसन्स हो सकता है। इसके अलावा कार्बन मोनोऑक्साइड और कुछ पॉइजन्स के संपर्क में आने से भी इस बीमारी का खतरा बढ़ सकता है।
दवाइयां और अन्य हेल्थ प्रॉब्लम्स
कुछ दवाइयां- जैसे मेंटल हेल्थ की दवाएं भी पार्किंसन्स जैसी कंडीशन की वजह बन सकती हैं। इसे पार्किंसोनिज्म कहा जाता है। ये प्रभाव अस्थायी हो सकते हैं, जो दवाइयां बंद करने पर ठीक हो जाते हैं।
मस्तिष्क में सूजन : मस्तिष्क में सूजन, जिसे एन्सेफलाइटिस कहा जाता है। इसके कारण भी कभी-कभी पार्किंसन्स के लक्षण उभर सकते हैं।
सिर पर चोट: किसी खेल के दौरान या किसी एक्सिडेंट के कारण सिर पर चोट लगने से भी पार्किंसन्स रोग हो सकता है। इसे पोस्ट-ट्रॉमैटिक पार्किंसोनिज्म कहा जाता है।
पार्किंसन्स में किस तरह की
एक्सरसाइज मदद करेगी
पार्किंसन्स डिजीज में फिजिकल एक्टिविटीज और एक्सरसाइज का बहुत महत्व होता है क्योंकि इससे मसल्स मजबूत होती हैं, स्पीड सुधरती है और बैलेंस बनाए रखने में मदद मिलती है। ये एक्सरसाइज और टिप्स पार्किंसन्स पेशेंट्स के लिए फायदेमंद हो सकती हैं।
– वॉकिंग एक्सरसाइज : चलने में सावधानी बरतें और स्पीड नियंत्रित करें, बहुत तेजी से न चलें।
– चलते समय हमेशा पैर की एड़ी को जमीन पर पहले रखें।
– अपने बॉडी पॉश्चर पर ध्यान दें। सीधे खड़े होने की कोशिश करें, ताकि शफ्लिंग यानी धीरे-धीरे चलने को रोका जा सके।
– पीछे की तरफ न चलें और न ही कुछ सामान उठाकर चलने की कोशिश करें।
– योग करें : योग शरीर की मसल्स को मजबूत बनाने, लचीला बनाने और स्पीड सुधारने में मदद करता है।
– कुछ योगासन जैसे-वीरभद्रासन, ताड़ासन और भुजंगासन पार्किंसन्स के लक्षणों को कम करने में मदद कर सकते हैं।
– इन सभी आसनों को धीरे-धीरे करें और बॉडी लिमिट को समझते हुए ही कोई आसन करें।
स्ट्रेचिंग से बढ़ेगी मसल्स की ताकत:
स्ट्रेचिंग एक्सरसाइज से मसल्स का लचीलापन बढ़ता है और सख्त मांसपेशियों को आराम मिलता है। स्क्वैट्स जैसी एक्सरसाइज भी मसल्स को मजबूत बनाती हैं।

Related Posts

संसदीय गणित में फंस गई ‘नारी शक्ति’
Hindi Edition

संसदीय गणित में फंस गई ‘नारी शक्ति’

April 23, 2026
Blitz India Gujarati Edition Launch Rajkot
Hindi Edition

राज्यपाल आचार्य देवव्रत ने राजकोट में किया गुजराती संस्करण का शुभारंभ

April 23, 2026
ऐसे कैसे होगा नारी शक्ति का वंदन
Hindi Edition

ऐसे कैसे होगा नारी शक्ति का वंदन

April 23, 2026
दांतों की बीमारी से हो सकता है गठिया!
Hindi Edition

दांतों की बीमारी से हो सकता है गठिया!

April 23, 2026
लोधी गार्डन ने स्थापना के ऐतिहासिक 90 वर्ष पूरे किए
Hindi Edition

लोधी गार्डन ने स्थापना के ऐतिहासिक 90 वर्ष पूरे किए

April 23, 2026
Development Journalism National Narrative Shishir Priyadarshi
Hindi Edition

भारत को तोड़ने नहीं, जोड़ने वाली पत्रकारिता की जरूरत

April 23, 2026
Load More
Next Post
भारत में 42.60 करोड़ लोग सात दिन तक अत्यधिक गर्मी के जोखिम में रहे

गर्मी की लहर से सिर्फ शरीर नहीं, आंखें भी हो सकती हैं प्रभावित

Recent News

Bengal observer PIL
News

PIL seeks removal of UP cop as poll observer

by Blitz India Media
April 29, 2026
0

Blitz Bureau NEW DELHI: A public interest litigation (PIL) has been filed before the Supreme Court challenging the decision of...

Read moreDetails
India among top countries in meeting climate targets

India among top countries in meeting climate targets

April 29, 2026
EPFO

EPFO settles record 8.31 crore claims in FY26

April 29, 2026
PM inaugurates 594-km long Ganga Expressway

PM inaugurates 594-km long Ganga Expressway

April 29, 2026
voting

Over 78 pc turnout in Bengal second phase till late afternoon

April 29, 2026

Blitz Highlights

  • Special
  • Spotlight
  • Insight
  • Entertainment
  • Health

International Editions

  • US (New York)
  • UK (London)
  • Middle East (Dubai)
  • Tanzania (Africa)

Nation

  • East
  • West
  • South
  • North
  • Hindi Edition

E-paper

  • India
  • Hindi E-paper
  • Dubai E-Paper
  • USA E-Paper
  • UK-Epaper
  • Tanzania E-paper

Useful Links

  • About us
  • Team
  • Privacy Policy
  • Contact

©2024 Blitz India Media -Building A New Nation

Welcome Back!

Login to your account below

Forgotten Password?

Retrieve your password

Please enter your username or email address to reset your password.

Log In

    No Result
    View All Result
    • Blitz Highlights
      • Special
      • Spotlight
      • Insight
      • Entertainment
      • Sports
    • Opinion
    • Legal
    • Perspective
    • Nation
      • East
      • West
      • North
      • South
    • Business & Economy
    • World
    • Hindi Edition
    • International Editions
      • Dubai
      • Tanzania
      • United Kingdom
      • USA
    • Blitz India Business

    ©2024 Blitz India Media -Building A New Nation