ब्लिट्ज ब्यूरो
नई दिल्ली।प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विगत दिवस 51 हजार से ज्यादा युवाओं को सरकारी नौकरी के लिए अपॉइंटमेंट लैटर सौंपे। इसमें चुने गए युवाओं को रेलवे, गृह मंत्रालय, स्वास्थ्य विभाग, वित्तीय सेवा और उच्च शिक्षा समेत कई सरकारी विभागों में नौकरी मिली है।
देश के 47 शहरों में हुए 19वें रोजगार मेले में पीएम मोदी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए शामिल हुए। उन्होंने युवाओं से बातचीत भी की। उन्होंने कहा कि अब आप देश की विकास यात्रा में स्वयं भी शामिल हो गए हैं।
इससे पहले देशभर में 18 रोजगार मेले आयोजित हो चुके हैं, जिनमें करीब 12 लाख युवाओं को अपॉइंटमेंट लैटर दिए जा चुके हैं।
रोजगार मेले में पीएम के बयान की बड़ी बातें
• पीएम मोदी बोले- 5 देशों की इस यात्रा के दौरान मैंने कई देशों की बड़ी कंपनियों के नेताओं के साथ बातचीत की। हमारी विस्तृत चर्चाएं और बैठकें हुईं। हर जगह, मैंने लगातार एक बात महसूस की, दुनिया भारत के युवाओं और भारत की तकनीकी प्रगति को लेकर बेहद उत्साहित है।
• मोदी बोले- हमें यह याद रखना चाहिए कि इन देशों से आने वाले निवेश और साझेदारियां अगले चार दशकों तक वैश्विक विकास को आकार देंगे। इसमें भारत के युवा बहुत बड़ी भूमिका निभाएंगे।
• इसे पहले, मोदी ने X पर पोस्ट में लिखा- सरकार युवाओं के बेहतर भविष्य और उन्हें मजबूत बनाने के लिए लगातार काम कर रही है। उन्होंने कहा कि रोजगार मेले से युवाओं को सरकारी नौकरी पाने का मौका मिल रहा है।
अक्टूबर 2022 से शुरू हुए थे रोजगार मेले
प्रधानमंत्री ने 22 अक्टूबर 2022 को रोजगार मेले का पहला फेज शुरू किया था। तब पीएम ने कहा था- हमारा लक्ष्य देश के युवाओं को 2023 के आखिर तक 10 लाख सरकारी नौकरियां देना था।
लोकसभा चुनाव से पहले 12 फरवरी 2024 को 12वां रोजगार मेला आयोजित हुआ था, जिसमें सबसे ज्यादा 1 लाख जॉब लैटर बांटे गए थे। 11 लाख का आंकड़ा 2025 में पूरा हुआ था।
मोदी ने कहा था, आज कई स्टार्टअप में महिला डायरेक्टर
पीएम मोदी ने 18वें रोजगार मेले में युवाओं को 61 हजार जॉब लेटर बांटे थे। पीएम ने वर्चुअली संबोधन में कहा कि युवाओं को नए अवसर मिलें, ये हमारा प्रयास है।
देशभर के स्टार्टअप में महिलाएं आगे हैं। महिला स्वरोजगार की दर में 15% की बढ़ोतरी हुई है। आज 8000 से ज्यादा बेटियों को नियुक्ति पत्र मिले। महिला स्वरोजगार की दर में 15% की बढ़ोतरी हुई है। आज कई स्टार्टअप में महिला डायरेक्टर हैं। गांवों के कई रोजगार में महिलाएं हेड कर रही हैं।













