ब्लिट्ज ब्यूरो
राजकोट। गुजरात के राज्यपाल महामहिम आचार्य देवव्रत आर्य ने देश-दुनिया में विकासपरक पत्रकारिता की अलख जगाने वाले समाचार पत्र ‘ब्लिट्ज इंडिया’ के गुजराती भाषा के संस्करण की लॉन्चिंग के अवसर पर राजकोट में आयोजित एक विराट कार्यक्रम में कहा कि दुनिया में जब सकारात्मक चिंतन बढ़ता है तो निश्चित रूप से वहां विकास होता है। शांति, भाईचारे और एकता का भाव भी साथ में पैदा होता है और सकारात्मक विचार ही वह चीज है जो व्यक्ति को महानता की ओर ले जाती है। महामहिम ने कहा कि ‘ब्लिट्ज इंडिया’ को सकारात्मक पत्रकारिता का अग्रदूत कहा जाए तो अतिशयोक्ति नहीं होगी।
देश की प्रगति, विकास पर खुलकर लिखना चापलूसी नहीं, प्रेरणादायक
उन्होंने कहा कि इस अवसर पर उपस्थित सभी महानुभावों, पूर्व केंद्रीय मंत्री, वर्तमान में राजकोट के लोकसभा सांसद पुरुषोत्तम भाई रूपाला जी और राज्यसभा सांसद आदरणीय राम भाई मोकरिया जी, चेयरमैन इफको एवं भारतीय राष्ट्रीय सहकारिता संघ, आदरणीय दिलीप भाई संघानी जी, अंतर्राष्ट्रीय प्रमुख एमआईसीएम जापान माननीय हैरी विल बी और ब्लिट्ज इंडिया के चेयरमैन एवं मुख्य संपादक माननीय दीपक द्विवेदी, निदेशक एवं कार्यकारी संपादक प्रवर भाई पार्थ नादपारा, माननीय शिशिर प्रियदर्शी, अध्यक्ष चिंतन रिसर्च फाउंडेशन अडाणी समूह, माननीय राकेश शर्मा, पत्रकारिता से जुड़े दिग्गजों का मैं हृदय से स्वागत करता हूं।
– विकासपरक चिंतन ही विकास का आधार
– गुजराती संस्करण के भव्य शुभारंभ पर दीपक द्विवेदी व टीम को दी बधाई
राज्यपाल ने कहा कि आज हम सबके लिए यह प्रसन्नता का विषय है कि एक ऐसा अखबार जिसने अपनी प्रतिष्ठा को दुनिया के अनेक भू-भाग में फैलाया और अनेक भाषाओं में जो प्रकाशित होता है, भारतीय भाषाओं में नए संस्करण का प्रारंभ आज राजकोट की पवित्र धरा से हो रहा है। इसके लिए मैं माननीय दीपक द्विवेदी और उनकी पूरी टीम को बहुत-बहुत बधाई देता हूं, उनका अभिनंदन करता हूं। उन्होंने कहा, अभी 5-7 दिन पहले ही माननीय द्विवेदी जी लोकभवन आए। उनसे पहली बार मिलना हुआ। उनके विचारों को सुना, उनकी सहजता, सरलता और गंभीरता को निकटता से महसूस किया, मैं उनका विशेष आभार व्यक्त करता हूं।
राज्यपाल ने कहा कि द्विवेदी जी जैसे लोग नि:संदेह पत्रकारिता के क्षेत्र में आने चाहिए। राज्यपाल ने कहा, दीपक जी ने अपने स्वयं के वक्तव्य में ‘ब्लिट्ज इंडिया’ के बारे में विस्तार से जानकारी दी।
उनके मीडिया समूह में पत्रकारिता की प्रकृति राष्ट्र के प्रति कितनी सकारात्मक है, उसके बारे में भी उन्होंने विचार रखे। जो अखबार देश में प्रगति, उन्नति विकास पर खुलकर कहे, बेबाक लिखे उसे चापलूसी नहीं बल्कि सकारात्मक पत्रकारिता का अग्रदूत कहा जाना चाहिए।
हमारे घरों में भी जो बच्चा अच्छे काम करता है, हम उसकी पीठ थपथपाते हैं। यह बालक की चापलूसी थोड़े ही होती है। उसको प्रेरणा देने का काम होता है ताकि वह इससे भी ज्यादा अच्छा काम करे। यह चिंतन पत्रकारिता से गायब नहीं होना चाहिए नहीं तो आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा की क्या बात बच पाएगी। इस धरती पर कितने-कितने अच्छे लोग काम करते हैं, यह जानकारी भी सभी को होनी चाहिए।
महामहिम राज्यपाल ने कहा कि अभी माननीय रूपाला साहब ने बताया कि ऐसी-ऐसी संस्थाएं हैं जो बिना नाम की इच्छा के बहुत सारे पवित्र काम करती हैं, बहुत सारे लोग रात दिन लोग अच्छे कामों में लगे हुए हैं, लेकिन उनकी चर्चा तक नहीं होती।
इसी राजकोट में एक ऐसा संगठन है जो इस पूरे गुजरात में वृक्षारोपण का अभियान चलाता है। उसने करोड़ों पेड़ लगाए हैं। किसी भी सड़क पर आप जाएंगे, वहीं पर उनके दर्शन होते हैं। जब अच्छे लोगों का प्रचार बढ़ेगा और गलत लोगों का तिरस्कार होगा, तभी समाज अच्छा कहलाएगा।













