ब्लिट्ज ब्यूरो
रांची। झारखंड वन विभाग को उम्मीद है कि मध्यप्रदेश से तीन बाघों, 50 जंगली भैंसों और 50 सांभर हिरणों को पलामू बाघ अभयारण्य में स्थानांतरित करने के उसके प्रस्ताव को इस महीने एनटीसीए की मंजूरी मिल जाएगी। इसकी ग्रीष्म ऋतु के बाद प्रक्रिया शुरू करने की योजना है। इसका उद्देश्य बाघों और जंगली भैंसों की आबादी को बढ़ाना है, जो कभी लातेहार जिले के आरक्षित वन में बहुतायत में पाए जाते थे।
जंगली जानवरों के स्थानांतरण का प्रस्ताव
पलामू बाघ अभयारण्य (पीटीआर) के उपनिदेशक प्रजेश जेना ने कहा कि राज्य वन विभाग को राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण (एनटीसीए) से अपने स्थानांतरण प्रस्ताव के लिए इस महीने मंजूरी मिलने की उम्मीद है। उन्होंने बताया कि पीटीआर प्राधिकार ने जंगली जानवरों के स्थानांतरण के लिए मध्यप्रदेश सरकार के साथ एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर करने का प्रस्ताव भी दिया किया है, जिसे एनटीसीए की मंजूरी मिलने के तुरंत बाद अंतिम रूप दे दिया जाएगा।













