ब्लिट्ज ब्यूरो
नई दिल्ली। दिल्ली-मेरठ नमो भारत कॉरिडोर के बाद अब रैपिड रेल का फोकस हरियाणा के रूट पर है। दिल्ली-पानीपत-करनाल, दिल्ली-एसएनबी-अलवर रूट के अलावा अगले चरण में दिल्ली-फरीदाबाद-पलवल कॉरिडोर की भी तैयारी है। ये कॉरिडोर दिल्ली के सराय काले खां से शुरू होकर फरीदाबाद और बल्लभगढ़ होते हुए पलवल तक जाएगा। इसकी कुल लंबाई लगभग 70-72 किलोमीटर हो सकती है। इसमें सराय काले खां, बदरपुर, ओल्ड फरीदाबाद, सेक्टर-12, बल्लभगढ़ और आखिरी में पलवल स्टेशन हो सकते हैं। ये नो भारत रूट दिल्ली मेट्रो की वॉयलेट लाइन के समानांतर बनने के आसार हैं।
प्रोजेक्ट अभी शुरुआती चरण में
दिल्ली-फरीदाबाद-पलवल नमो भारत प्रोजेक्ट अभी मंजूरी के शुरुआती चरणों में है। नमो भारत या मेट्रो विस्तार के लिए सर्वे और प्री-फिजिबिलिटी रिपोर्ट पर चर्चा चल रही है। दिल्ली-मेरठ कॉरिडोर चालू होने के बाद सरकार का फोकस अन्य रूट की डीपीआर, टेंडर और भूमि अधिग्रहण पर होगा। निर्माण कार्य शुरू होने के बाद ट्रैक और पिलर बिछाने में 3 से 4 साल का समय लगता है। अगर सब कुछ योजना के अनुसार रहा तो 2029-2030 तक इस रूट पर ट्रायल रन शुरू हो सकता है।
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से भी कनेक्टिविटी
इस नमो भारत कॉरिडोर को आगे पलवल में नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (जेवर) से जोड़ने की भी योजना है। इससे इस रूट की अहमियत और बढ़ जाएगी। नमो भारत की औसत गति 100 से 120 किमी प्रति घंटा (स्टॉपेज के साथ) होगी। जबकि लोकल ईएमयू ट्रेनें और बसों की रफ्तार काफी धीमी है।
रूट अलायनमेंट और फंडिंग पर चर्चा
इस कॉरिडोर की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) पर मंथन चल रहा है। हरियाणा की नायब सिंह सैनी सरकार और केंद्र सरकार के बीच इसके रूट एलाइनमेंट और फंडिंग को लेकर चर्चाएं चल रही हैं। सराय काले खां इसका मुख्य हब होगा। यहां से यात्री मेरठ (दिल्ली-मेरठ लाइन) या दिल्ली-अलवर रूट जाने वाली रैपिड रेल में आ-जा सकेंगे
गुरुग्राम, फरीदाबाद और पलवल जैसे केंद्र
रैपिड रेल रूट से फरीदाबाद और पलवल जैसे औद्योगिक क्षेत्रों से दिल्ली की यात्रा 45-50 मिनट में तय होगी। दिल्ली-आगरा नेशनल हाईवे (एनएच-44) और लोकल ट्रेनों पर यात्रियों का दबाव कम होगा। नोएडा एयरपोर्ट से करीबी की वजह से पलवल और बल्लभगढ़ के इलाकों में रियल एस्टेट और लॉजिस्टिक्स सेक्टर को बढ़ावा मिलेगा। अभी दिल्ली एनसीआर में लोकल ट्रेन या बस से पलवल पहुंचने में 1.5 से 2 घंटे लगते हैं, नमो भारत से यह समय 40-50 मिनट रह जाएगा।
ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे भी बनेगा
दोनों औद्योगिक केंद्रों के बीच एक नया 31 किलोमीटर लंबा ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे भी बनाया जा रहा है जो पलवल को सीधे जेवर एयरपोर्ट से जोड़ेगा। यह मार्ग दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे के पास से शुरू होगा। वहां से यमुना एक्सप्रेसवे को पार करते हुए सीधे एयरपोर्ट तक जाएगा। इससे पलवल से जेवर का समय केवल 20-25 मिनट रह जाएगा। दिल्ली-पलवल-बल्लभगढ़ कॉरिडोर को सीधे जेवर एयरपोर्ट के मल्टीमॉडल ट्रांसपोर्ट हब से जोड़ देगा।













