ब्लिट्ज ब्यूरो
लखनऊ। 04 लेन (06 लेन विस्तारणीय) प्रवेश नियंत्रित ग्रीन फील्ड चित्रकूट लिंक एक्सप्रेसवे परियोजना के ईपीसी पद्धति पर क्रियान्वयन के लिए निर्माणकर्ता के चयन सम्बंधी तैयार किए गए आरएफपी अभिलेख पर मंत्रिपरिषद ने स्वीकृति प्रदान कर दी है। इसके निर्माण से जनपद चित्रकूट में पर्यटन के विकास को तीव्र गति मिलेगी।
औद्योगिक विकास मंत्री नन्द गोपाल गुप्ता नन्दी ने बताया कि चित्रकूट लिंक एक्सप्रेसवे परियोजना के विकास के लिए उत्तर प्रदेश एक्सप्रेसवेज इंडस्टि्रयल डेवलपमेंट अथॉरिटी (यूपीडा) को प्राधिकृत करते हुए नोडल एजेंसी नामित किया गया है। चित्रकूट लिंक एक्सप्रेसवे जनपद चित्रकूट के भरतकूप से प्रारम्भहोकर राष्ट्रीय मार्ग 135 बीजी पर जनपद चित्रकूट में ग्राम अहमदगंज तक किया जाएगा जिसकी कुल लम्बाई 15.172 किलोमीटर होगी। इसके लिए 513.97 करोड़ रुपए की धनराशि निर्धारित की गई है। मंत्री परिषद की स्वीकृति के पश्चात निर्माणकर्ता के चयन के लिए ग्लोबल बिड आमंत्रित की जाएंगी। चित्रकूट लिंक एक्सप्रेसवे का निर्माण होने से पर्यटन क्षेत्र में विकास तीव्र गति से होगा एवं सुदूर क्षेत्रों से आने वाले यात्रियों को सुगम एवं तीव्र यातायात सुविधा उपलब्ध हो सकेगी। बुन्देलखण्ड के प्रारंभिक बिंदु से चित्रकूट धाम तक एक्सप्रेसवे का निर्माण हो जाने से पर्यटन क्षेत्र में विकास तीव्र गति से होगा।
लखीमपुर में बलरामपुर चीनी मिल्स करेगी 2850 करोड़ का निवेश
लखीमपुर में बलरामपुर चीनी मिल्स लिमिटेड 2850 करोड़ से औद्योगिक इकाई लगाएगी। कैबिनेट ने इस संबंध में लेटर ऑफ कम्फर्ट को मंजूरी दे दी। प्रदेश में बायो प्लास्टिक उद्योग को बढ़ावा देने के लिए उत्तर प्रदेश बायो प्लास्टिक उद्योग नीति लागू की गई थी। इसी नीति के तहत एलओसी जारी की गई है। कैबिनेट में यूपीसीडा, लखनऊ मेट्रो रेलपरियोजना, गाजियाबाद विकास प्राधिकरण द्वारा विकास एवं संपत्तियों का आवंटन, सार्वजनिक उद्यम विभाग की सीएजी रिपोर्ट विधानसभा पटल में रखने के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई।
























