राकेश शर्मा
हरदोई। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने यूपी के हरदोई में प्रदेश के सबसे लंबे गंगा एक्सप्रेस-वे का उद्घाटन किया। इसके बाद एक्सप्रेस-वे जनता के लिए खोल दिया गया।
इस अवसर पर जनसभा को संबोधित करते हुए पीएम ने घोषणा की कि एक्सप्रेस-वे को हरिद्वार से भी जोड़ा जाएगा। पीएम ने कहा- सपा व कांग्रेस विकास और नारी विरोधी हैं। बीते दिनों एक बार फिर देश ने इनका नारी विरोधी चेहरा देखा है। इन लोगों ने नारी शक्ति वंदन संशोधन के खिलाफ वोट किया। पीएम ने पश्चिम बंगाल भारी वोटिंग करते हुए कहा कि ऐसी वोटिंग दशकों में नहीं देखी।
इससे पहले पीएम ने एक्सप्रेस-वे के किनारे पेड़ लगाया। सीएम योगी के साथ एक्सप्रेस-वे पर पैदल भी चले। 594 किलोमीटर लंबा यह एक्सप्रेस-वे मेरठ को प्रयागराज से जोड़ेगा। इससे मेरठ से प्रयागराज की दूरी सिर्फ 6 घंटे में पूरी होगी। अब तक 11-12 घंटे लगते थे। एक्सप्रेस-वे करीब 37,350 करोड़ रुपए की लागत से 5 साल में बनकर तैयार हुआ है। इस हिसाब से 1 किलोमीटर एक्सप्रेस-वे की औसत लागत करीब 62 करोड़ 87 लाख रुपए है। मोदी ने ही 18 दिसंबर, 2021 को शाहजहांपुर में एक्सप्रेस-वे का शिलान्यास किया था। इससे पहले पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे यूपी का सबसे लंबा एक्सप्रेस-वे था, जिसकी लंबाई 340 किमी है। पीएम मोदी ने एक्सप्रेस-वे की डिजाइन देखी और अफसरों से डिटेल में जानकारी ली।
पीएम के संबोधन की खास बातें
मुझे खुशी है कि यूपी सरकार ने इस एक्सप्रेस-वे का नाम मां गंगा के नाम पर रखा है। इसमें विकास का हमारा विजन भी झलकता है। हमारी विरासत के भी दर्शन होते हैं। डबल इंजन सरकार में शिलान्यास भी होता है और उद्घाटन भी होता है। यह सिर्फ हाई-स्पीड सड़क नहीं है, बल्कि नए सपनों का गेटवे है।
पिछली सरकारों ने अपनी करतूतों के कारण अपराध और जंगलराज को यूपी की पहचान बना दिया था। यूपी के माफियाओं पर फिल्में बनती थीं। आज यूपी की कानून व्यवस्था का देशभर में उदाहरण दिया जाता है। संसाधनों का बंदरबांट करने वाले जिन सपाइयों के हाथ से सत्ता गई, उन्हें यूपी की यह प्रगति पसंद नहीं आ रही है। वे यूपी को पुराने दौर में धकेलना चाहते हैं।
- बोले पीएम, यह सिर्फ हाई-स्पीड सड़क नहीं, नए सपनों का गेटवे है
- मेरठ से प्रयागराज की दूरी 6 घंटे में पूरी होगी, पहले 12 घंटे लगते थे
- सपा व कांग्रेस को विकास और नारी विरोधी बताया
- मुझे खुशी है, यूपी सरकार ने एक्सप्रेसवे का नाम मां गंगा के नाम पर रखा
- एक्सप्रेस-वे 12 जिलों से गुजरेगा
- रात में फाइटर जेट्स उतर सकेंगे
- हाईटेक टोल प्लाजा पर बैरियरलेस ऑटोमैटिक टोल सिस्टम लगा है। इसमें वाहन बिना रुके 120 से 160 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से गुजर सकते हैं।
एनडीए सरकार नारी शक्ति वंदन संशोधन लेकर आई थी। अगर यह संशोधन पास हो जाता तो 2029 के चुनाव से ही महिलाओं को लोकसभा और विधानसभा में आरक्षण मिलता, लेकिन सपा ने इसके खिलाफ वोट किया। सपा कभी भी परिवारवाद और जातिवाद से ऊपर नहीं उठ सकती। ये लोग हमेशा विकास विरोधी राजनीति करेंगे। यूपी के लोगों को सपा से सावधान रहना है।

मोदी बोले- यूपी का विकास भारत की सामरिक ताकत बन रहा
पीएम मोदी ने कहा- अब उन कठिनाइयों का समाधान होगा। बड़े बाजारों तक पहुंच सुनिश्चित होगी। जरूरी इंफ्रास्ट्रक्चर का विकास होगा। यह एनसीआर की असीम संभावनाओं को भी करीब लाएगा। इसके किनारे औद्योगिक अवसर मिलेंगे। सभी 12 जिलों में नए उद्योग आएंगे और फार्मा के क्लस्टर विकसित होंगे।
उन्होंने कहा, युवा नए कीर्तिमान गढ़ रहे हैं। छोटे उद्योगों को बढ़ावा मिल रहा है। पुरानी सरकारों में क्या हरदोई–उन्नाव जिलों में इंडस्टि्रयल कॉरिडोर बनाने की कल्पना हो सकती थी? क्या कोई सोच सकता था कि हरदोई से भी एक्सप्रेस-वे गुजरेगा? यह सब भाजपा सरकार में ही संभव हुआ है।
यूपी को पहले पिछड़ा और बीमारू कहा जाता था, वही यूपी आज एक ट्रिलियन डॉलर की इकोनॉमी बनने की ओर बढ़ रहा है। यह बड़ा लक्ष्य है और उतनी ही बड़ी तैयारी भी है।
यूपी के पास असीम क्षमता है। युवा आबादी है। इस ताकत का इस्तेमाल यूपी को मैन्युफैक्चरिंग हब बनाने के लिए किया जा रहा है। कारखाने लगेंगे, निवेश आएगा तो आर्थिक प्रगति के दरवाजे खुलेंगे। इसी विजन को केंद्र में रखकर काम किया गया है। यूपी की पहचान पहले पलायन से होती थी, आज कॉरिडोर और इन्वेस्टर समिट के लिए जानी जाती है।
पीएम ने कहा कि हजारों करोड़ का निवेश हो रहा है। मोबाइल निर्माण में यूपी का बड़ा योगदान है। नोएडा में सेमीकंडक्टर प्लांट का उद्घाटन किया गया है। यूपी इसमें भी लीड लेने के लिए आगे बढ़ रहा है। यूपी का विकास भारत की सामरिक ताकत बन रहा है। देश के दो डिफेंस कॉरिडोर में से एक यूपी में है।
ब्रह्मोस जैसी मिसाइलें यूपी में बन रही हैं। रक्षा उपकरणों के निर्माण में यूपी अहम भूमिका निभा रहा है। यूपी ने पुरानी सियासत को बदला है और नई पहचान बनाई है। एक समय यूपी की पहचान गड्ढों से होती थी। एक जिले से दूसरे जिले में जाना मुश्किल होता था। आज एक्सप्रेस-वे का जाल बिछ चुका है।
मोदी बोले- एक्सप्रेस-वे यूपी के विकास की नई लाइफ लाइन बनेगा
पीएम मोदी ने कहा- मैं भगवान नरसिंह की इस भूमि को प्रणाम करता हूं। यहां से कुछ किलोमीटर की दूरी पर मां गंगा कृपा बहाती हुई निकलती हैं, इसलिए यह पूरा क्षेत्र अहम है। मैं मानता हूं कि यूपी को एक्सप्रेसवे का यह वरदान भी मां गंगा का ही आशीर्वाद है।
अब कुछ ही घंटों में आप प्रयागराज के संगम पहुंच सकते हैं और काशी में बाबा विश्वनाथ के दर्शन करके वापस आ सकते हैं। जैसे मां गंगा हजारों वर्षों से यूपी और देश की जीवनरेखा रही हैं, वैसे ही आधुनिक प्रगति के इस दौर में उनके समीप से गुजरता यह एक्सप्रेस-वे यूपी के विकास की नई लाइफलाइन बनेगा।
पीएम के कार्यक्रम में करीब 2 लाख भाजपा कार्यकर्ता पहुंचे। कार्यकर्ताओं ने हाथ उठाकर जय श्रीराम के जयकारे लगाए।
12 जिलों से गुजरेगा
12 जिलों से होकर गुजरने वाला यह एक्सप्रेस-वे कई मायनों में खास है। यहां पब्लिक कन्वीनियंस सेंटर बनाए गए हैं, जिनमें ठहरने की सुविधा, इलाज के लिए ट्रॉमा सेंटर और फूड कोर्ट शामिल हैं।
सड़क पर रंबल स्टि्रप (उभरी हुई पट्टियां) बनाई गई हैं। इन पर वाहन के टायर आते ही ड्राइवर को वाइब्रेशन महसूस होता है, जिससे हादसों की आशंका कम होगी। एक्सप्रेस-वे पर एयरफोर्स के फाइटर जेट्स की लैंडिंग के लिए शाहजहांपुर के जलालाबाद के पास 3.5 किमी लंबी एयरस्ट्रिप बनाई गई है। यह देश की पहली नाइट लैंडिंग एयरस्टि्रप है। हर 75 किमी पर पेट्रोल पंप बनाए गए हैं, जिन्हें भारत पेट्रोलियम खुद संचालित कर रहा है।

बदल जाएगी यूपी की कनेक्टिविटी
गंगा एक्सप्रेसवे देश का सबसे लंबा (594 किमी) ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे है। 120 किमी/घंटा की रफ्तार, एयरस्ट्रिप, हाईटेक टोल और दुर्घटना रोकने वाली ‘अलर्ट स्ट्रिप्स’ जैसी आधुनिक सुविधाओं से लैस यह प्रोजेक्ट यूपी की कनेक्टिविटी बदल देगा। यह देश के सबसे महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट्स में शामिल है।
594 किलोमीटर लंबा यह एक्सप्रेसवे देश का एक साथ ग्रीनफील्ड क्षेत्र में बना सबसे बड़ा एक्सप्रेसवे है। यह 12 जिलों और 519 गांवों को जोड़ता है। हर जिले तक पहुंचने के लिए इंटरचेंज बनाए गए हैं, जिससे किसी भी दिशा में राज्य और राष्ट्रीय राजमार्गों से सीधा जुड़ाव संभव है। दिल्ली के इंडिया गेट से बिहार तक सीधा जाया जा सकता है इसके जरिए।
टोल प्लाजा के कंट्रोल रूम में जाकर पता चला कि यहां सिर्फ टोल वसूली ही नहीं, बल्कि हाईटेक कैमरों के जरिए हर गतिविधि पर नजर रखी जाएगी। बिना हेलमेट बाइक चलाने वालों तक का चालान सीधे उनके पते पर पहुंच सकेगा।
गंगा एक्सप्रेसवे की सबसे खास बात इसका मल्टीपल इंटरचेंज सिस्टम है। यहां से वाहन चालक किसी भी दिशा में मुड़कर किसी भी स्टेट हाइवे या नेशनल हाईवे पर जा सकते हैं। जरूरत पड़ने पर यू-टर्न लेकर वापस लौटने की भी सुविधा है। हर 50 से 55 किलोमीटर पर आधुनिक फूड प्लाजा हैं ।
इनमें फूड कोर्ट, कैफेटेरिया, देशी ढाबा, बच्चों के लिए प्ले एरिया, पेट्रोल पंप, सीएनजी स्टेशन और इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए चार्जिंग स्टेशन बनाए गए हैं। बड़ी और छोटी गाड़ियों के लिए अलग-अलग सुविधाएं दी गई हैं। यहां 400 वाहनों की पार्किंग क्षमता है, जबकि ट्रक और बस चालकों के लिए चार्जिंग सुविधा और मुफ्त डॉर्मेट्री भी उपलब्ध है।
फूड प्लाजा के अंदर कई बड़ी कंपनियों के आउटलेट, आइसक्रीम पार्लर और रिटेल स्टोर भी बनाए गए हैं।
यात्रा के दौरान एक्सप्रेसवे पर आईसीयू सुविधा वाले अस्पताल और एडवांस लाइफ सपोर्ट एंबुलेंस भी हैं । गंभीर मरीजों का तत्काल इलाज यहीं किया जा सकेगा। हर 20 किलोमीटर पर एक पुलिस वाहन और एक एंबुलेंस की व्यवस्था की गई है।
शाहजहांपुर के पास करीब 3 किलोमीटर लंबी एयरस्ट्रिप बनाई गई है, जहां आपात स्थिति में लड़ाकू विमान उतर सकते हैं। यह गंगा एक्सप्रेसवे का सबसे शानदार हिस्सा है। यहां सुखोई जैसे फाइटर जेट भी उतारे जा सकते हैं।
हाईटेक टोल प्लाजा पर बैरियरलेस ऑटोमैटिक टोल सिस्टम लगा है। इसमें वाहन बिना रुके 120 से 160 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से गुजर सकते हैं और टोल अपने आप कट जाएगा, यह व्यवस्था फिलहाल ट्रायल बेसिस पर है, जिसे भविष्य में अन्य टोल प्लाजा पर भी लाग किया जाएगा।













