ब्लिट्ज ब्यूरो
नई दिल्ली। वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल ने कहा है कि अमेरिका के साथ व्यापार पर अंतरिम समझौते में भारत अपने किसानों के हितों को सुरक्षित रखने में कामयाब रहा है। ऐसे सभी क्षेत्रों में जहां किसानों की उपज ज्यादा है और इसकी वजह से देश को आत्मनिर्भर बनने में मदद मिली, उन सबको हम अमेरिका के साथ एफटीए से बाहर रखने में सफल रहे हैं। इसमें चावल, गेहूं, ज्वार, बाजरा, रागी, जीएम फूड समेत 95 % प्लस फार्म प्रोड्यूस शामिल हैं। वाणिज्य मंत्री एक ग्लोबल बिजनेस समिट को संबोधित कर रहे थे।
इस दौरान गोयल ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि कुछ लोग डील को लेकर झूठ फैला रहे हैं और मासूम किसानों को बरगला रहे हैं। ऐसे लोगों के लिए राष्ट्रीय हित कोई प्राथमिकता नहीं। मोदी सरकार रिफॉर्म एक्सप्रेस के तहत मिशन मोड में है। इस दौरान उन्होंने पांच महीने में न्यूजीलैंड, ईयू, ओमान, यूके के साथ एफटीए और यूएस के साथ अंतरिम समझौते का भी जिक्र किया। ईएफटीए करार को लेकर उन्होंने कहा कि स्विट्जरलैंड, नॉर्वे, आइसलैंड, लिंचेस्टाइन के साथ हुए भारत के ये समझौते बेहद खास है। इन देशों ने भारत में 100 बिलियन डॉलर की प्रतिबद्धता जाहिर की है।
9 फ्री ट्रेड करार
गोयल ने कहा कि भारत ने बीते वक्त में 9 फ्री ट्रेड करार किए, इनमें शामिल सभी 37 देश विकसित हैं और इन करारों में दुनिया की दो तिहाई जीडीपी समाहित है। पीयूष गोयल ने मौजूदा समय को बदलाव की यात्रा करार दिया और कहा कि हमें अपने संवेदनशील सेक्टरों की रक्षा करनी ही होगी।
चिराग बोले- अटके समझौते किए पूरे
इसी समिट में केंद्रीय खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्री चिराग पासवान ने भारत के मुक्त व्यापार समझौतों (एफटीएएस) में तेजी लाने समेत भारत-यूरोपीय संघ और भारत-अमेरिका समझौतों की सराहना की। उन्होंने कहा कि भारत ने लंबे समय से लंबित मुक्त व्यापार समझौतों में तेजी लाकर और प्रमुख वैश्विक भागीदारों के साथ आर्थिक संबंधों को गहरा कर वैश्विक चुनौतियों से निपटने के अपने प्रयासों को तेज कर दिया है। सरकार ने कई ऐसे व्यापार समझौतों पर कदम आगे बढ़ाए है, जो लंबे समय से अटके हुए थे और कई देशों के साथ समझौतों पर हस्ताक्षर किए है।























